खंडवा। जिले के मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। खंडवा सहित प्रदेश के सभी जिला अस्पतालों में अगले छह महीने के भीतर एमआरआई जांच की सुविधा शुरू होने जा रही है। मेडिकल कॉलेज सह-जिला अस्पताल के नैदानिक केंद्र में एमआरआई मशीन स्थापित की जाएगी।
अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, एमआरआई मशीन सीटी स्कैन सेंटर के पास स्थापित की जाएगी। इसके लिए नैदानिक केंद्र में पिछले तीन साल से चैंबर तैयार है। मशीन का संचालन पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मोड पर किया जाएगा।
इस सुविधा का सबसे बड़ा लाभ आयुष्मान कार्ड और बीपीएल कार्डधारी मरीजों को मिलेगा। ऐसे मरीजों की एमआरआई जांच नि:शुल्क की जाएगी। वहीं, जिन मरीजों के पास आयुष्मान कार्ड नहीं है, उन्हें भी निजी जांच केंद्रों की तुलना में कम और रियायती दरों पर सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
एमआरआई जांच का उपयोग रीढ़ की हड्डी, दिमाग की चोट, नसों से जुड़ी समस्याओं, ट्यूमर और अन्य गंभीर बीमारियों की पहचान के लिए किया जाता है। वर्तमान में अस्पताल में आने वाले मरीजों को एमआरआई के लिए निजी सेंटरों पर जाना पड़ता है, जिससे उन्हें अधिक खर्च और परेशानी का सामना करना पड़ता है।
मेडिकल कॉलेज सह-जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन करीब 1500 से 1600 मरीज पहुंचते हैं। इनमें से लगभग 10 से 15 मरीजों को डॉक्टर रोजाना एमआरआई जांच की सलाह देते हैं। इसके अलावा वार्ड में भर्ती सर्जिकल और फ्रैक्चर वाले मरीजों को भी एमआरआई की जरूरत पड़ती है।
हाल ही में स्वास्थ्य संचालनालय भोपाल से आई इंजीनियरों की टीम ने अस्पताल में एमआरआई मशीन लगाने के लिए स्थान का निरीक्षण किया है। टीम की रिपोर्ट के आधार पर शासन स्तर से पीपीपी मोड में टेंडर प्रक्रिया पूरी कर मशीन स्थापित की जाएगी।
मेडिकल कॉलेज सह-जिला अस्पताल अधीक्षक डॉ. रंजीत बड़ौले ने बताया कि शासन द्वारा खंडवा सहित प्रदेश के सभी जिला अस्पतालों में एमआरआई सुविधा उपलब्ध कराने की प्रक्रिया चल रही है। मशीन लगने के बाद गंभीर मरीजों को अस्पताल से बाहर जांच के लिए ले जाने की परेशानी कम होगी।
