खंडवा में बाढ़ से निपटने की तैयारी तेज, नगर निगम का कंट्रोल रूम 24 घंटे सक्रिय

खंडवा में बाढ़ से निपटने की तैयारी तेज, नगर निगम का कंट्रोल रूम 24 घंटे सक्रिय

खंडवा में बाढ़ से निपटने की तैयारी तेज, नगर निगम का कंट्रोल रूम 24 घंटे सक्रिय

खंडवा। जिले में लगातार हो रही भारी बारिश और बाढ़ जैसे हालात को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। प्रभारी कलेक्टर डॉ. नागार्जुन बी. गौड़ा ने नगर निगम और राजस्व विभाग के अधिकारियों को नदी, नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने तथा जरूरत पड़ने पर प्रभावित नागरिकों को तत्काल राहत उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।

प्रभारी कलेक्टर ने अधिकारियों को संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत शिविर स्थापित करने और आवश्यकता पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा है। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में न जाएं, बच्चों को नालों और जलभराव वाले स्थानों से दूर रखें तथा किसी भी आपात स्थिति की जानकारी तुरंत कंट्रोल रूम या संबंधित अधिकारियों को दें।

नगर निगम आयुक्त प्रियंका रजावत ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में नागरिकों की सुरक्षा और त्वरित राहत के लिए नगर निगम के विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। प्रत्येक राहत शिविर के लिए प्रभारी और सहायक अधिकारियों की नियुक्ति की गई है, जो प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने, उनके ठहरने और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने का कार्य करेंगे। सभी अधिकारियों को 24 घंटे मोबाइल पर उपलब्ध रहने और सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

संभावित बाढ़ प्रभावित नागरिकों के अस्थायी ठहराव के लिए एमएलबी स्कूल, जनता स्कूल, कस्तूरबा विद्यालय, रामनगर प्राथमिक विद्यालय, मोहनलाल स्कूल और शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय को राहत शिविर के रूप में चिन्हित किया गया है। इन शिविरों में बिजली, स्वच्छ पेयजल, भोजन, टेंट, बिस्तर और अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।

नगर निगम का24×7 कंट्रोल रूम भी पूरी तरह सक्रिय कर दिया गया है। शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए तीन शिफ्टों में कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। सूचना मिलते ही राहत दल मौके पर पहुंचेगा तथा जिला प्रशासन और पुलिस कंट्रोल रूम के साथ लगातार समन्वय बनाए रखा जाएगा।

इसके साथ ही शहर के सभी जोनों में नालों और जल निकासी मार्गों की विशेष सफाई अभियान चलाया जा रहा है। जोन प्रभारियों और स्वास्थ्य निरीक्षकों को नियमित निरीक्षण कर जल निकासी में बाधा बनने वाले अवरोधों को तुरंत हटाने तथा आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त सफाई दल तैनात करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने कहा है कि किसी भी आपदा की स्थिति से निपटने के लिए सभी विभागों को सतर्क रखा गया है, ताकि नागरिकों की सुरक्षा और राहत कार्यों में किसी प्रकार की कमी न रहे।