खंडवा। खंडवा स्थित विश्वप्रसिद्ध श्री दादाजी धूनीवाले दरबार में दो दिवसीय गुरु पूर्णिमा महोत्सव का मंगलवार को भव्य शुभारंभ हुआ। महोत्सव के पहले दिन करीब 10 हजार श्रद्धालुओं ने दादा दरबार पहुंचकर दर्शन किए। मंदिर परिसर और आसपास का क्षेत्र भक्तों की भीड़, भजन-कीर्तन और धार्मिक आयोजनों से पूरी तरह भक्तिमय नजर आया।
महोत्सव के दौरान शहर में मेले जैसा माहौल देखने को मिला। दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं ने दादा दरबार में मत्था टेककर आशीर्वाद लिया, जबकि बाजारों और मंदिर परिसर में दिनभर श्रद्धालुओं की चहल-पहल बनी रही।
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और सेवा संगठनों की ओर से शहर और मंदिर मार्ग पर करीब 50 स्थानों पर भंडारों का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं को सब्जी-पूड़ी, चाय, आइसक्रीम और अन्य प्रसादी वितरित की गई। सेवा कार्यों में बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों ने हिस्सा लिया और श्रद्धालुओं की सुविधा का विशेष ध्यान रखा।
महोत्सव के दौरान पांढूर्णा से आए श्रद्धालुओं का निशान जत्था भी दादा दरबार पहुंचा। पारंपरिक वाद्ययंत्रों, जयकारों और धार्मिक उत्साह के बीच जत्थे का स्वागत किया गया। दिनभर अलग-अलग स्थानों से निशान यात्राएं दादा दरबार पहुंचती रहीं, जिससे पूरे शहर का माहौल आध्यात्मिक रंग में रंगा रहा।
मंदिर ट्रस्ट और प्रशासन के अनुसार, गुरु पूर्णिमा के मुख्य दिन श्रद्धालुओं की संख्या में कई गुना वृद्धि होने की संभावना है। इसे देखते हुए सुरक्षा, यातायात, पेयजल, चिकित्सा और दर्शन व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
गुरु पूर्णिमा महोत्सव के पहले दिन दादा दरबार में श्रद्धा, सेवा और भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। आने वाले मुख्य पर्व पर लाखों श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए पहुंचने की उम्मीद के साथ पूरा खंडवा आध्यात्मिक उल्लास में डूबा हुआ है।
